Garhwa: Garhwa जिले के रंका से एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। रंका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से जन्म के बाद नवजात बच्चे को दूसरे को दे दिए जाने का मामला उजागर हुआ है। मामला सामने आते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नवजात बच्चे को बरामद कर उसकी मां को सौंप दिया है।
रंका डीएसपी रोहित रंजन सिंह ने दी जानकारी
रंका( Garhwa )डीएसपी रोहित रंजन सिंह ने बताया कि रंका थाना क्षेत्र के भलुआनी गांव की रहने वाली बसंती देवी ने थाना में आवेदन देकर अपने नवजात बच्चे को वापस दिलाने की गुहार लगाई थी। महिला ने बताया कि 27 अक्टूबर 2025 को वह अपनी मामी मंदोदरी देवी के साथ प्रसव के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची थी। प्रसव के बाद मामी ने अस्पताल में ही अपनी बेटी को नवजात सौंप दिया। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने शाहपुर, चैनपुर स्थित रिश्तेदार के घर पर छापेमारी कर बच्चे को सकुशल बरामद किया और उसे उसकी मां बसंती देवी को सौंप दिया.
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पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है
आपको बता दे कि थानांतर्गत भलुआनी गांव निवासी झरी राम की पत्नी रीता देवी ने थाना में आवेदन देकर बच्चा बेचने का आरोप लगाया है। उसने आवेदन में कहा है कि 27 अक्टूबर 2025 को देवेंद्र राम पत्नी गोतनी बसंती देवी को प्रसव के लिए सीएचसी में भर्ती कराया गया था। अस्पताल में उसने बेटे को जन्म दिया था। उसके कुछ देर बाद बच्चे को मृत बता शव भी नहीं दिया गया। उसके बाद परिवार के सभी सदस्य उदास मन से वापस घर चले गए। उसने आरोप लगाया कि उन्होंने बार बार हॉस्पीटल में तैनात नर्स किरण यादव से मृत बच्चा का शव मांग रहे थे ताकि हिंदू रीति रिवाज से क्रियाकर्म कर सकें।
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