Giridih Festival Traffic Plan: आगामी पर्व-त्योहारों को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए गिरिडीह जिला प्रशासन अलर्ट है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और शहर में जाम की समस्या से निपटने के लिए यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। वहीं, लोगों को सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा विभाग ने भी जांच अभियान तेज कर दिया है। बिरनी, सरिया और बगोदर क्षेत्र में मिठाई दुकानों, होटलों, रेस्टोरेंट और फास्ट फूड प्रतिष्ठानों समेत 25 खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की गई। इस दौरान कुल 11.2 किलोग्राम मिठाई नष्ट कराई गई और कुछ खाद्य पदार्थों के नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए लिए गए।
पूजा पंडालों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश
त्योहारों के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अनुमंडल पदाधिकारी सह अनुमंडल दंडाधिकारी धीरेंद्र कुमार की अध्यक्षता में संबंधित अधिकारियों की बैठक हुई। इसमें भीड़ नियंत्रण, पूजा पंडालों की सुरक्षा, अग्निशमन व्यवस्था, पार्किंग और यातायात प्रबंधन पर चर्चा की गई। प्रशासन ने सभी पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे और अग्निशमन यंत्र लगाने, प्रवेश एवं निकास के लिए अलग-अलग द्वार बनाने तथा महिला और पुरुष स्वयंसेवकों की तैनाती सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले इलाकों में विशेष निगरानी रखने के साथ आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की व्यवस्था पर भी जोर दिया गया है।
गिरिडीह शहर में रूट डायवर्जन और पार्किंग की व्यवस्था
त्योहारों के दौरान शहर में जाम से बचने के लिए प्रमुख मार्गों पर वन-वे व्यवस्था, बैरिकेडिंग और प्रवेश प्रतिबंध लागू किए जाएंगे। मोबाइल गली, टावर चौक, मकतपुर चौक, कालीबाड़ी, पदम चौक, बजरंग चौक, गांधी चौक, बभनटोली, बरमसिया चौक और तिरंगा चौक सहित कई स्थानों पर यातायात नियंत्रित किया जाएगा। वाहन चालकों की सुविधा के लिए बस स्टैंड, टेंपो स्टैंड, अंटा बंगला मैदान, आबकारी मैदान बरमसिया, झंडा मैदान, ओल्ड बस स्टैंड कोलडीहा, सर्कस मैदान और पुराने जेल परिसर में पार्किंग की व्यवस्था निर्धारित की गई है।
प्रशासन के अनुसार, बड़े वाहनों के परिचालन पर भी समयबद्ध प्रतिबंध रहेगा।
- 15 से 17 अक्टूबर: सुबह 9 बजे से रात 11 बजे तक बड़े वाहनों का परिचालन प्रतिबंधित रहेगा।
- 18 से 21 अक्टूबर: सुबह 9 बजे से रात 2 बजे तक बड़े वाहनों के परिचालन पर प्रतिबंध रहेगा।
प्रशासन ने आम नागरिकों और वाहन चालकों से निर्धारित मार्गों और पार्किंग स्थलों का पालन करने की अपील की है, ताकि श्रद्धालुओं को आवागमन में परेशानी न हो।

25 खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच, 11.2 किलो मिठाई नष्ट
त्योहारों के दौरान मिलावटी और दूषित खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने बिरनी, सरिया और बगोदर में औचक निरीक्षण किया। इस दौरान मिठाई दुकानों, होटलों, रेस्टोरेंट और फास्ट फूड प्रतिष्ठानों समेत 25 प्रतिष्ठानों की जांच की गई। विभाग के अनुसार, जांच के दौरान निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई कुल 11.2 किलोग्राम मिठाई नष्ट कराई गई। कुछ मिठाइयों के नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए भी संग्रहित किए गए। बिरनी स्थित प्रज्ञा स्वीट्स से पेड़ा का नमूना लिया गया। यहां तीन किलोग्राम रसगुल्ला और एक किलोग्राम लड्डू नष्ट कराया गया। साहा स्वीट्स में दो किलोग्राम खोवा में स्टार्च की मौजूदगी पाए जाने पर उसे नष्ट किया गया। सरिया में शंकर स्वीट्स से कलाकंद का नमूना लिया गया। इसके अलावा कलाकंद, मिल्क केक और बर्फी में स्टार्च पाए जाने पर संबंधित मिठाइयां नष्ट कराई गईं। बगोदर में मधेशिया स्वीट्स की तीन किलोग्राम काजू बर्फी भी खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं पाए जाने पर नष्ट कराई गई।
दुकानदारों को लाइसेंस और साफ-सफाई पर ध्यान देने का निर्देश
खाद्य सुरक्षा विभाग ने कारोबारियों को वैध लाइसेंस और पंजीकरण के साथ व्यवसाय करने का निर्देश दिया है। विभाग ने पनीर, खोवा और मिल्क केक जैसी खाद्य सामग्री अधिकृत आपूर्तिकर्ताओं से खरीदने को कहा है। इसके अलावा खाद्य पदार्थों को अखबार में लपेटकर बेचने से बचने, दुकानों में साफ-सफाई बनाए रखने, पेयजल की गुणवत्ता सुनिश्चित करने, कर्मचारियों की मेडिकल फिटनेस का ध्यान रखने और नियमित पेस्ट कंट्रोल कराने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी। त्योहारों के दौरान गिरिडीह प्रशासन के सामने यातायात और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के साथ लोगों को सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने की चुनौती है। रूट डायवर्जन, पार्किंग प्रबंधन और खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच से व्यवस्था बेहतर बनाने का प्रयास किया जा रहा है।


















