रांची: रांची नगर निगम अब टैक्स चोरी और अवैध व्यापारिक गतिविधियों पर नकेल कसने के लिए सख्त रुख अपना रहा है। निगम प्रशासन ने निर्देश जारी किया है कि होल्डिंग नंबर प्राप्त करने के लिए अब भवन का स्वीकृत नक्शा देना अनिवार्य होगा। यदि किसी आवेदक के पास नक्शा नहीं है, तो उसका उल्लेख आवेदन में किया जाएगा, लेकिन ऐसे मामलों पर भी निगरानी रखी जाएगी।
निगम प्रशासक संदीप सिंह ने स्पष्ट किया है कि स्वीकृत नक्शा उपलब्ध कराने से भविष्य में कानूनी उलझनों से बचा जा सकता है। इसके अलावा निगम ने यह भी निर्णय लिया है कि सभी व्यवसायिक भवनों की दोबारा मापी कर टैक्स का पुनर्मूल्यांकन किया जाएगा। कई मॉल और दुकानों में एक तल्ले का टैक्स दिया जा रहा है, जबकि व्यापार तीन मंजिलों पर चल रहा है। ऐसे मामलों का अब खुलासा कर अतिरिक्त टैक्स वसूला जाएगा।
साथ ही, नगर निगम की ओर से वार्डवार टैक्स बकायेदारों की सूची तैयार की जा रही है। इन बकायेदारों को नोटिस भेजकर भुगतान के लिए बाध्य किया जाएगा। टैक्स संग्रह एजेंसी और निगम पदाधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे शहर के सभी दुकानों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों का ट्रेड लाइसेंस सत्यापित करें। बिना लाइसेंस वाले प्रतिष्ठानों को पहले चेतावनी दी जाएगी और उसके बाद भी लाइसेंस नहीं लेने पर जुर्माना लगाया जाएगा।



















