रांची में तीन दिन बाद जमीन और फ्लैट की रजिस्ट्री शुरू हुई, लेकिन सर्वर धीमा और आधार सत्यापन में देरी से शनिवार को बड़ी संख्या में दस्तावेज अटक गए।
Jharkhand Registry Update रांची: झारखंड में तीन दिनों से बंद जमीन और फ्लैट की रजिस्ट्री शनिवार को सर्वर ठीक होने के बाद दोबारा शुरू तो हुई, लेकिन लोगों को राहत नहीं मिल सकी। सर्वर धीमा रहने और आधार सत्यापन में काफी समय लगने के कारण निबंधन प्रक्रिया प्रभावित हुई। रांची ग्रामीण निबंधन कार्यालय में 130 डीड निबंधन के लिए थे, लेकिन शाम तक सिर्फ 65 डीड की ही रजिस्ट्री हो सकी।
सुबह से ही लोग निबंधन कार्यालय में अपनी बारी का इंतजार करते रहे। कई लोगों का दस्तावेज आधार सत्यापन की प्रक्रिया में फंसा रहा। लोगों का कहना है कि सर्वर अभी भी पूरी तरह सामान्य नहीं हुआ है।
Jharkhand Registry Update:ग्रामीण कार्यालय में आधे दस्तावेज ही हो सके निबंधित
रांची ग्रामीण निबंधन कार्यालय में शनिवार को 130 डीड की रजिस्ट्री होनी थी, लेकिन सर्वर की धीमी गति के कारण शाम तक केवल 65 डीड का ही निबंधन हो पाया। तीन दिनों तक निबंधन कार्य बंद रहने के बाद लोगों को उम्मीद थी कि शनिवार को प्रक्रिया सामान्य हो जाएगी, लेकिन तकनीकी समस्या के कारण उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा।
Key Highlights
तीन दिनों बाद शनिवार को जमीन और फ्लैट की रजिस्ट्री शुरू हुई
सर्वर धीमा होने से आधार सत्यापन में लग रहा अधिक समय
रांची ग्रामीण में 130 में से सिर्फ 65 डीड का निबंधन
मुख्य निबंधन कार्यालय में 130 की जगह 45 डीड की रजिस्ट्री
तीन दिनों में 600 से अधिक दस्तावेजों का निबंधन प्रभावित
Jharkhand Registry Update:मुख्य निबंधन कार्यालय में 45 डीड की रजिस्ट्री
रांची मुख्य निबंधन कार्यालय में सामान्य दिनों में करीब 130 डीड की रजिस्ट्री होती है। शनिवार को यहां सिर्फ 45 डीड का निबंधन हो सका। हालांकि, तीन दिनों तक निबंधन बंद रहने के कारण शनिवार को लोगों की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में कम रही।
अर्बन टू हिनू और अर्बन श्री मोरहाबादी निबंधन कार्यालयों में भी निबंधन प्रक्रिया प्रभावित रही। सर्वर की धीमी गति और आधार सत्यापन में लग रहे अतिरिक्त समय को इसकी प्रमुख वजह बताया जा रहा है।
Jharkhand Registry Update:तीन दिनों में 600 से अधिक दस्तावेज अटके
रांची जिले में प्रतिदिन करीब 300 दस्तावेज के निबंधन का कोटा निर्धारित है। इसमें मुख्य निबंधन कार्यालय में 130, ग्रामीण कार्यालय में 130, अर्बन टू हिनू में 70 और अर्बन श्री मोरहाबादी में 70 दस्तावेज का कोटा शामिल है।
अनुमान है कि तीन दिनों तक निबंधन कार्य ठप रहने के कारण 600 से अधिक दस्तावेजों का निबंधन नहीं हो पाया। इससे जमीन और फ्लैट की खरीद-बिक्री से जुड़े लोगों को परेशानी हुई है। वहीं, निबंधन कार्य प्रभावित होने से सरकार को राजस्व का भी नुकसान हुआ है।


















