मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार में 100 टेक्नोलॉजी सेंटर विकसित करने और इंजीनियरिंग व पॉलिटेक्निक के रिजल्ट 24 घंटे में जारी करने की पहल की बात कही।
AI Education पटना: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और नई तकनीक के क्षेत्र में बिहार के युवाओं को आगे आकर राज्य को देश के अग्रणी राज्यों की श्रेणी में पहुंचाने में योगदान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय तकनीक और एआई का है और बिहार तेजी से बदल रहा है। अगले चार से पांच वर्षों में राज्य को विकास के नए दौर में ले जाने का संकल्प लेना होगा।
मुख्यमंत्री शुक्रवार को पटना के पाटलिपुत्र औद्योगिक क्षेत्र स्थित सिमेज आईटी पार्क में नवनिर्मित 1200 सीटिंग क्षमता वाले बहुउद्देशीय सभागार के उद्घाटन के बाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
AI Education:बिहार में विकसित होंगे कम से कम 100 टेक्नोलॉजी सेंटर
मुख्यमंत्री ने सिमेज की तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में पहल की सराहना करते हुए उद्योग विभाग से बिहार में कम से कम 100 टेक्नोलॉजी सेंटर विकसित करने की दिशा में काम करने को कहा। उन्होंने कहा कि इससे युवाओं को आधुनिक तकनीकी शिक्षा हासिल करने के साथ रोजगार और नवाचार के नए अवसर मिलेंगे।
उन्होंने कहा कि कंप्यूटर, मोबाइल, सोशल मीडिया और अब एआई ने दुनिया के काम करने के तरीके को बदल दिया है। एक समय कंप्यूटर के आने से रोजगार घटने की आशंका जताई जाती थी, लेकिन आज तकनीक रोजगार, नवाचार और विकास का प्रमुख माध्यम बन चुकी है। बिहार के युवाओं में प्रतिभा की कमी नहीं है और जरूरत उन्हें आधुनिक तकनीक के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की है।
AI Education:इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक का रिजल्ट 24 घंटे में देने की पहल
मुख्यमंत्री ने बिहार के इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक कॉलेजों की परीक्षा व्यवस्था को तकनीक आधारित बनाने की बात कही। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को परीक्षा के 24 घंटे के भीतर परिणाम उपलब्ध कराने की दिशा में पहल शुरू की जाएगी।
उन्होंने यह भी कहा कि किसी कारण से असफल घोषित होने वाले विद्यार्थियों को जल्द पुनर्परीक्षा का अवसर देने की व्यवस्था विकसित की जाएगी। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी छात्र का एक पूरा शैक्षणिक वर्ष केवल परीक्षा परिणाम या पुनर्परीक्षा में देरी के कारण बर्बाद न हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि निजी संस्थानों की तरह सरकारी विद्यालयों और महाविद्यालयों के विद्यार्थियों को भी आधुनिक तकनीक और बेहतर शैक्षणिक संसाधन उपलब्ध कराने पर सरकार का जोर है। उन्होंने सिमेज परिवार की उस पहल की भी सराहना की, जिसके तहत सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थियों को आईआईटी और अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों से जोड़कर तकनीकी शिक्षा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
Key Highlights
- बिहार में कम से कम 100 टेक्नोलॉजी सेंटर विकसित करने पर जोर।
- इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक छात्रों को 24 घंटे में परीक्षा परिणाम देने की पहल।
- असफल विद्यार्थियों के लिए जल्द पुनर्परीक्षा की व्यवस्था विकसित होगी।
- सरकारी स्कूलों और कॉलेजों में आधुनिक तकनीक और बेहतर शैक्षणिक संसाधन उपलब्ध कराने की तैयारी।
- सहयोग पोर्टल के जरिए 7.13 लाख से अधिक आवेदन, 30 दिनों में कार्रवाई का लक्ष्य।
AI Education:शिकायतों के समाधान में भी AI और तकनीक का इस्तेमाल
मुख्यमंत्री ने कहा कि आम लोगों की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए सरकार तकनीक का व्यापक इस्तेमाल कर रही है। उन्होंने सहयोग कार्यक्रम और सहयोग पोर्टल का उल्लेख करते हुए बताया कि अब तक 7.13 लाख से अधिक लोगों ने इस व्यवस्था के माध्यम से आवेदन किया है।
सरकार का लक्ष्य प्रत्येक आवेदन पर 30 दिनों के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करना है। निर्धारित समय सीमा में कार्रवाई नहीं होने पर संबंधित पदाधिकारी और कर्मचारी को स्वतः नोटिफिकेशन भेजा जाता है और जरूरत के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पूरी व्यवस्था में एआई और तकनीक की महत्वपूर्ण भूमिका है। प्रत्येक महीने के दूसरे मंगलवार को मुख्यमंत्री स्तर पर सहयोग कार्यक्रम आयोजित कर शिकायतों की समीक्षा की जाती है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने सभागार के उद्घाटन के बाद पूरे परिसर का भ्रमण किया। उन्होंने कंप्यूटर क्लास, लैब और अन्य सुविधाओं का अवलोकन किया तथा विद्यार्थियों से संवाद किया। छात्रों ने उन्हें एआई आधारित विभिन्न तकनीकी परियोजनाओं की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार का इतिहास गौरवशाली रहा है और राज्य ने देश के स्वर्णिम युग में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अब बिहार के युवाओं को भगवान श्रीकृष्ण के आदर्शों से प्रेरणा लेते हुए न्याय के साथ विकास और राज्य की समृद्धि में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।
जन्माष्टमी महोत्सव के दौरान मुख्यमंत्री ने भगवान श्रीकृष्ण के चरणों में श्रद्धासुमन अर्पित किए और प्रदेशवासियों को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं।


















