Bihar Building Bye-Laws 2026: बिहार भवन उपविधि-2026 के प्रारूप को अधिक सरल, पारदर्शी और जनोपयोगी बनाने के उद्देश्य से उच्चस्तरीय मंत्रियों के समूह यानी Group of Ministers (GoM) की बैठक आयोजित की गई। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी की अध्यक्षता में सोमवार, 21 सितंबर 2026 को सिंचाई भवन स्थित कार्यालय में हुई इस बैठक में भवन निर्माण से जुड़े विभिन्न प्रावधानों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में भवन निर्माण की अनुमति से संबंधित नियामक प्रक्रियाओं को आसान बनाने, अनावश्यक नियमों को कम करने और आम नागरिकों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। प्रस्तावित बिहार भवन उपविधि-2026 को नागरिक-केंद्रित बनाने के लिए विभिन्न सुझावों और अनुशंसाओं पर भी विचार-विमर्श किया गया।
भवन निर्माण नियमों को सरल बनाने पर जोर
बैठक के दौरान नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से बिहार भवन उपविधि-2026 के प्रारूप और प्रस्तावित प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। मंत्रियों के समूह ने भवन निर्माण से जुड़े नियमों और प्रक्रियाओं की समीक्षा की। चर्चा का मुख्य उद्देश्य यह था कि भवन निर्माण की अनुमति प्राप्त करने की प्रक्रिया आम लोगों के लिए कम जटिल, अधिक पारदर्शी और समयानुकूल बनाई जा सके। बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि भवन निर्माण से जुड़े नियमों में स्पष्टता हो, ताकि नागरिकों और संबंधित हितधारकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
नक्शे की वैधता से जुड़े प्रावधानों पर चर्चा
उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि नक्शे की वैधता से संबंधित प्रावधानों में प्रस्तावित संशोधन से आम लोगों को काफी लाभ मिल सकता है। उन्होंने कहा कि विभिन्न हितधारकों की ओर से दिए गए सकारात्मक और व्यावहारिक सुझाव बिहार भवन उपविधि-2026 को अधिक प्रभावी और जनोपयोगी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने प्रस्तावित उपविधि में सरलता, पारदर्शिता और नागरिक सुविधा को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर बल दिया। बैठक में भवन निर्माण से संबंधित कई प्रावधानों को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।

Ease of Doing Business और Ease of Living पर फोकस
नगर विकास एवं आवास विभाग के मंत्री नीतीश मिश्रा ने कहा कि बिहार भवन उपविधि-2026 का मुख्य उद्देश्य व्यवसाय में सुगमता यानी Ease of Doing Business और जीवन जीने में सुगमता यानी Ease of Living को बेहतर बनाना है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण से जुड़ी प्रक्रियाओं को आसान बनाने के साथ-साथ लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रस्तावित उपविधि का महत्वपूर्ण लक्ष्य है। इसके तहत अनावश्यक नियमों और प्रक्रियाओं को कम करने तथा भवन निर्माण की अनुमति से संबंधित व्यवस्था को सरल, पारदर्शी और प्रभावी बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
नागरिक-केंद्रित विकास के अनुरूप तैयार हो रहा प्रारूप
नीतीश मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के सुनियोजित, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित विकास के विजन के अनुरूप बिहार भवन उपविधि-2026 तैयार किया जा रहा है। इसका उद्देश्य भवन निर्माण से जुड़ी प्रक्रियाओं को अधिक सुगम बनाना और आम नागरिकों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि बैठक में भवन उपविधि को समयानुकूल बनाने, पारदर्शिता बढ़ाने और नागरिकों की आवश्यकताओं के अनुरूप नियम तैयार करने से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई।
बैठक में कई मंत्री और अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में सूचना एवं जनसंपर्क विभाग सह ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री श्रवण कुमार, सहकारिता विभाग के मंत्री राम कृपाल यादव, नगर विकास एवं आवास विभाग के मंत्री नीतीश मिश्रा तथा लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के मंत्री संजय कुमार सिंह उपस्थित रहे। इसके अलावा नगर विकास एवं आवास विभाग के वरीय पदाधिकारी और अन्य संबंधित अधिकारी भी बैठक में शामिल हुए। मंत्रियों के समूह की चर्चा के बाद बिहार भवन उपविधि-2026 के प्रारूप को और अधिक सरल, पारदर्शी एवं जनोपयोगी बनाने की दिशा में आगे की प्रक्रिया जारी रहेगी।
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