Jamshdedpur-विधायक सरयू का एक ट्वीट झारखंड की राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है. सरयू राय ने अपने ट्विटर हैन्डल पर लिखा है कि ईडी हेमंत सरकार को घेरने के लिए जितने भी रास्ते तलाशती है, वही सभी रास्ते रघुवर सरकार के हवा महल से गुजरती है. अब ईडी करे भी तो क्या? ईडी के दिमागी लाल सप्रेम बाई पास की तलाश में है. पर “जहां जाइएगा हमें पाइएगा” से परेशान है. वैसे ईडी के बड़े अधिकारी दिल्ली से सारी घटनाओं पर अपनी पैनी नजर बनाये हुए हैं.

“जहां जाइएगा हमें पाइएगा” से परेशान है ईडी
बता दें कि सरयू राय की पहचान झारखंड सहित पूरे देश में भ्रष्ट्राचार के विरुद्ध मुहिम चलाने वाले की रही है. वह 1974 के जेपी आन्दोलन की उपज है. चारा घोटाले के मामले को सामने लाने में भी इनकी अहम भूमिका रही है. सरयू राय ने मोमेंटम झारखंड सहित रघुवर दास शासन काल के दौरान कई घोटालों को भी उजागर किया है, रघुवर शासन काल में हुए घोटालों पर उन्होनों कई पुस्तक भी लिखी है, यही नहीं उन्होने रघुवर दास को मुख्यमंत्री रहते उन्ही के विधान सभा क्षेत्र से पराजित कर सनसनी फैला दी थी.
ताजा ट्वीट में भी उन्होने रघुवर शासन में हुए घोटाले पर निशाना साधा है, दरअसल जब से ईडी मनरेगा घोटाले को केन्द्र में रख कर ताबड़तोड़ छापे मार रही है, हेमंत सरकार में खनन सचिव रहे पूजा सिंघल से जुड़े ठिकाने पर छापेमारी कर रही है, उसके बाद ही रघुवर दास के शासनकाल के घोटालों पर भी चर्चा शुरु हो गयी है. ईडी जहां भी अपनी हाथ डालती है, हेमंत सरकार को घेरने की कोशिश करती है, रघुवर शासन काल के कई बड़े मामले सामने आ जाते हैं, यही नहीं जिस मनरेगा घोटाला को केन्द्र बिंदु में रख कर छापेमारी की गयी, वह भी रघुवर सरकार में ही हुआ था, और रघुवर सरकार के द्वारा ही तब पूजा सिंघल को क्लीन चिट दी गयी थी.

















