पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी का जामताड़ा में कार्यकर्ताओं ने किया स्वागत
जामताड़ा : झारखंड में भाषा के मुद्दे पर मची सियासी घमासान पर बाबूलाल मरांडी ने कहा कि सरकार को भाषा पर एक फार्मूला तैयार करना चाहिए. उसी फार्मूला के अनुसार भाषा की मान्यता नियुक्ति में देनी चाहिये. भाषा कोई भी हो उसका सम्मान होना चाहिये. जिस प्रकार मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भोजपुरी, मघई व अन्य भाषाओं पर बयान दिये हैं वो उचित नहीं है.
साथ ही उन्होंने कहा कि विधानसभा में जिस प्रकार नमाज़ अदा करने के लिये कमरा आवंटन किया गया उसे भारत के संविधान इजाजत नहीं देता है. भारत विविधताओं का देश है यहां बहुत से मजहब हैं.
उक्त बातें पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी दुमका से रांची जाने के क्रम में जामताड़ा के पसोइ में कही. पसोई में बाबूलाल मरांडी का भाजपा जिला अध्यक्ष सोमनाथ सिंह, भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य बीरेंद्र मंडल, भाजपा नेता पवित्रो महता व अन्य कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया.
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के द्वारा भोजपुरी, मघई व अन्य भाषाओं पर दिये बयान को भाजपा ने विवादित बयान कहा था. जो आज भी रूकने का नाम नहीं ले रहा है. साथ ही विधानसभा भवन में नमाज़ कक्ष आवंटन के मुद्दे पर मुख्यमंत्री को बाबूलाल ने आड़े हाथ लिया है.
रिपोर्ट : निशिकान्त मिस्त्री
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