पलामू में मोतिहारी के नक्सली मामले के वारंटी राजेंद्र पासवान को गिरफ्तार कर छोड़ने पर दंगवार ओपी प्रभारी को लाइन हाजिर कर दिया गया।
Palamu News रांची: पलामू जिले में नक्सली मामले के एक वारंटी को गिरफ्तार करने के बाद छोड़ना दंगवार ओपी प्रभारी को महंगा पड़ गया। पुलिस ने बिहार के मोतिहारी जिले में दर्ज मामले के वारंटी राजेंद्र पासवान को गिरफ्तार किया था, लेकिन उसी रात उसे छोड़ दिया गया। मामले की जानकारी पलामू एसपी कपिल चौधरी को भी नहीं दी गई थी। मामला सामने आने के बाद एसपी ने कार्रवाई करते हुए दंगवार ओपी प्रभारी को लाइन हाजिर कर दिया है।
Palamu News: अभियान चलाकर पकड़ा था वारंटी, उसी रात छोड़ दिया
जानकारी के अनुसार पुलिस ने वारंटी राजेंद्र पासवान को पकड़ने के लिए अभियान चलाया था। इसी दौरान मंगलवार, 22 सितंबर की रात करीब 12 बजे उसे गिरफ्तार किया गया। करीब 68 वर्षीय राजेंद्र पासवान दंगवार में ही रहता है।
पुलिस उसे पकड़कर दंगवार ओपी लेकर गई थी, लेकिन कुछ समय बाद उसी रात उसे छोड़ दिया गया। वारंटी को छोड़े जाने की जानकारी पुलिस के वरीय अधिकारियों को नहीं दी गई।
Key Highlights
- मोतिहारी के नक्सली मामले के वारंटी को पलामू पुलिस ने पकड़ा था
- गिरफ्तारी के बाद उसी रात राजेंद्र पासवान को छोड़ दिया गया
- वारंटी को छोड़ने की जानकारी एसपी को नहीं दी गई
- SDPO की जांच में गिरफ्तारी और फिर छोड़ने की पुष्टि हुई
- दंगवार ओपी प्रभारी को एसपी ने लाइन हाजिर कर दिया
Palamu News: SDPO की जांच में हुई गिरफ्तारी की पुष्टि
मामले की जानकारी मिलने के बाद पलामू एसपी कपिल चौधरी ने हुसैनाबाद एसडीपीओ दिव्यांश शुक्ला को जांच का निर्देश दिया। जांच में यह पुष्टि हुई कि पुलिस ने राजेंद्र पासवान को वास्तव में पकड़ा था और बाद में उसे छोड़ दिया।
जांच रिपोर्ट के बाद एसपी ने दंगवार ओपी प्रभारी के खिलाफ कार्रवाई की। एसपी कपिल चौधरी ने कहा कि किसी व्यक्ति को गिरफ्तार करने के बाद छोड़ देना उचित प्रक्रिया नहीं है। यदि किसी वारंटी को गिरफ्तार किया गया था, तो इसकी जानकारी वरीय अधिकारियों को दी जानी चाहिए थी।
Palamu News: मोतिहारी में 2016 में दर्ज हुआ था मामला
पुलिस के अनुसार राजेंद्र पासवान के खिलाफ बिहार के मोतिहारी जिले में वर्ष 2016 में मामला दर्ज हुआ था। उसके खिलाफ 17 सीएलए एक्ट के तहत केस दर्ज होने की जानकारी पुलिस को थी। इसी मामले में वह वारंटी बताया जा रहा है।
पुलिस अब इस मामले में आगे की प्रक्रिया और वारंटी से संबंधित कानूनी कार्रवाई को लेकर आवश्यक कदम उठा रही है।


















