रांची: झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) ने वर्ष 2025 की मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षाओं की तैयारी को लेकर महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। फरवरी-मार्च में होने वाली इन परीक्षाओं से पहले छात्रों के लिए प्री टेस्ट और मॉडल टेस्ट आयोजित किए जाएंगे। इसका उद्देश्य छात्रों को मानसिक रूप से तैयार करना और उनकी तैयारी का आकलन करना है।
प्रभारी सचिव उमा शंकर सिंह ने बताया कि स्कूलों को निर्देश दिया गया है कि 7 दिसंबर तक मैट्रिक और इंटरमीडिएट के सभी विषयों का पाठ्यक्रम पूरा कर लिया जाए। इसके बाद योग्य शिक्षकों द्वारा प्री टेस्ट के लिए एक सेट और मॉडल टेस्ट के लिए पांच सेट प्रश्नपत्र तैयार किए जाएंगे। इन प्रश्नपत्रों की हार्ड और सॉफ्ट कॉपी 7 दिसंबर तक तैयार कर संबंधित स्कूलों को उपलब्ध कराई जाएगी।
सोशल मीडिया के माध्यम से मिलेगा प्रश्नपत्र
डीईओ के माध्यम से इन प्रश्नपत्रों को स्कूलों के प्रधानाध्यापकों, प्रभारी प्रधानाध्यापकों, वरिष्ठ शिक्षकों और वार्डन को सोशल मीडिया के जरिए उपलब्ध कराया जाएगा। स्कूल प्रबंधन आईसीटी और स्मार्ट क्लास का उपयोग कर टेस्ट आयोजित कर सकते हैं।
तीन दिनों में होगा मूल्यांकन
परीक्षा के लिए जैक की बची हुई उत्तर पुस्तिकाओं का उपयोग किया जाएगा। प्री टेस्ट और मॉडल टेस्ट के उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन स्कूल के शिक्षक तीन दिनों के भीतर करेंगे। जहां विषय विशेषज्ञ नहीं होंगे, वहां तीन दिनों के लिए शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की जाएगी। यह व्यवस्था विशेष रूप से दिसंबर और जनवरी के लिए लागू होगी।
शत-प्रतिशत उपस्थिति पर जोर
छात्रों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। प्री टेस्ट और मॉडल टेस्ट से छात्रों को बोर्ड परीक्षा के स्तर की तैयारी का अनुभव मिलेगा और उनकी सफलता की संभावना बढ़ेगी।
झारखंड सरकार द्वारा उठाए गए इन कदमों का उद्देश्य बोर्ड परीक्षा में छात्रों की बेहतर प्रदर्शन की सुनिश्चितता करना है।


















