रांची: पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने एक बार फिर दाहू यादव मामले में सरकार और साहेबगंज प्रशासन को कटाक्ष किया है। दाहू को गैंग्स ऑफ साहेबगंज और 1000 करोड़ रुपये के खनन घोटाले का प्रमुख फरार अभियुक्त बताते हुए कहा है कि स्थानीय प्रशासन और पुलिस उसकी गिरफ्तारी के मामले में नाकाम हुए हैं. हेमंत सोरेन सरकार से सवाल पूछते हुए कहा है कि दाहू यादव को क्यों नहीं पकड़ा जा रहा है.

सोशल मीडिया के माध्यम से सवाल उठाने पर बाबूलाल ने यह कहा है कि स्थानीय प्रशासन ने उसके काम को पूरी तरह समझ लिया है और दाहू के पकड़ने में पुलिस की कोई मजबूरी नहीं है. दाहू का आरोप है कि वह एक पहाड़ पर छिपकर रह रहा है और हथियारबंद लोगों के साथ घूमता है, जबकि पुलिस उसे पकड़ने में असमर्थ है. बाबूलाल मरांडी ने यह दावा किया है कि जब तक साहेबगंज के लोगों को इसकी जानकारी होगी, वे डरे-सहमे रहेंगे और इस बात को सोशल मीडिया के माध्यम से पहुंचाने का दावा किया है.
इसके अलावा, साहेबगंज में पिछले पंद्रह दिनों में कई हत्याएं हुई हैं और इसका आरोप है कि ये हत्याएं आतंक पैदा करने के लिए करवाई जा रही हैं. बाबूलाल ने साहेबगंज पुलिस और प्रशासन की भूमिका पर तंज कसते हुए कहा है कि उन्हें दाहू को क़ाबू में लाने की क्षमता और हिम्मत नहीं है. उन्होंने झारखंड के डीजीपी से इस मामले की जांच करने को कहा है और राँची से विशेष पुलिस दल को भेजकर दाहू की गिरफ़्तारी और आतंक राज की समाप्ति का निर्देश दिया है.

















